सफर आसान बनाने वाले कुलियों के जीवन की डगर हुई कठिन

कोटा KrishnakantRathore/ @www.rubarunews.com>> भारी-भरकम सामान उठाकर रेलयात्रियों के सफर को आसान बनाने वाले कुलियों के जीवन की डगर इन दिनों कठिन बनी हुई है। कोरोना के बाद से ही इन लोगों की जिंदगी भी जैसे ट्रेनों की तरह थम सा गया है। इन लोगों की परेशानी की जानकारी मिलने के बाद लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला की प्रेरणा से सामाजिक कार्यकर्ताओं ने स्टेशन पर जाकर उन्हें राशन किट भेंट की।

 

कोटा रेलवे स्टेशन पर पहले प्रतिदिन 100 से अधिक यात्री गाड़ियों का आवागमन रहता था। इन गाड़ियों में आने वाले यात्रियों का सामान उठाकर कोटा स्टेशन पर काम करने वाले कुली अपने परिवार का पालन-पोषण कर रहे थे। परन्तु कोरोना की पहली लहर के साथ जैसे ही गाड़ियों का संचालन बंद हुआ, इनकी परेशानियां शुरू हो गईं।

पहला लाॅकडाउन खत्म होने के बाद कुछ गाड़ियां शुरू हुईं तो उनमें यात्रियों की संख्या इतनी नहीं थी कि सब कुलियों को पर्याप्त काम मिल सके। ऐसे में इन कुलियां ने तय किया हर सप्ताह वे बारी-बारी से काम करेंगे। समय के साथ गाड़ियों की संख्या बढ़ने पर स्थितियां सामान्य सी होती नजर आ रही थीं। लेकिन कोरोना की दूसरी लहर ने एक बार फिर परेशानियों को बढ़ा दिया। यहां तक की उनके लिए राशन जुटाना भी बड़ी समस्या बन गया। कुछ कुलियों ने इस संबंध में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला से गुहार लगाई थी।

 

ऐसे में बिरला की प्रेरणा से सामाजिक कार्यकर्ता सत्यप्रकाश शर्मा,शैलेंद्र ऋषि धर्मराज गुर्जर रामेश्वर मीना शनिवार को वेस्ट सेंट्रल रेलवे एम्पलाइज यूनियन के कार्यालय पहुंचे। वहां से मंडल सचिव मुकेश गालव को साथ लेकर कोटा स्टेशन पर जाकर सभी कुलियों को राशन किट भेंट की। तंगहाली के समय में अचानक यह भेंट पाकर कुलियों के चेहरे पर मुस्कान आ गई। उन्होंने कहा कि कोविड ने एक तरह से उनके काम काम को चैपट ही कर दिया है। गाड़ियां चल तो रही हैं, लेकिन यात्री नहीं के बराबर हैं। ऐसे में लोकसभा अध्यक्ष बिरला से सहायता का आग्रह किया था, हमारी परेशानी को समझकर राशन किट भिजवाने के लिए उनका आभार।

यूनियन के मण्डल सचिव मुकेश गालव ने कहा कि कोविड के कारण गाड़ियां कम चल रही हैं, जो चल रही हैं उनमें भी यात्री भार नहीं है। इससे कुली बहुत परेशान थे। लोकसभा अध्यक्ष बिरला की पहल से कुलियों को राहत मिलेगी तथा वे अपने परिवार का भरण-पोषण कर पाएंगे। इस अवसर पर यूनियन के कोषाध्यक्ष इरशाद खान, एवं अन्य सामाजिक कार्यकर्ता उपस्थित रहे।