फालुन दाफा – जीवन में स्वास्थ्य और सामंजस्य का मार्ग

मुंबई.Desk/ @www.rubarunews.com>> आज के तेज रफ़्तार जीवन में हम सभी एक रोगमुक्त शरीर और चिंता और तनाव से मुक्त मन की इच्छा रखते हैं. किन्तु जितना हम इस लक्ष्य को हासिल करने की कोशिश करते हैं, उतना ही यह दूर जान पड़ता है. ऐसा लगता है कि परिवार की समस्याओं(Family problems), नौकरी के दबाव(job pressures), अंतर-व्यक्तिगत संघर्ष(inter-personal conflict) और हमारे करीबी और प्रिय लोगों की स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं का कोई अंत नहीं है. आज के जीवन की समस्याओं के लिए क्या हमारे पास कोई हल है?




दुनिया भर के लाखों लोगों ने फालुन दाफा(Falun Dafa) (जो फालुन गोंग के नाम से भी जाना जाता है) के प्राचीन साधना-अभ्यास(Ancient cultivation practice) में अपने जवाब पाये हैं. फालुन दाफा मन और शरीर दोनों का अभ्यास है. इस में 5 सौम्य और प्रभावी व्यायाम सिखाये जाते हैं जो व्यक्ति के शरीर की शक्ति का रूपांतरण करते हैं. ये व्यायाम व्यक्ति के शरीर को शुद्ध करने, तनाव से राहत और आंतरिक शांति प्रदान करने में सहायता करते हैं. यही नहीं, फालुन दाफा(Falun Dafa) अभ्यास हमें रोज़मर्रा के जीवन में सच्चाई(Truth), करुणा(compassion) और सहनशीलता(tolerance) के मूलभूत नियमों का पालन करके अपने नैतिक चरित्र को ऊपर उठाना भी सिखाता है. हमारे मन की स्थिति सीधे हमारे शरीर को प्रभावित करती है. इसलिए मन की एक सकारात्मक और शुद्ध अवस्था अंततः एक स्वस्थ शरीर की ओर ले जाएगी. यह एक कारण है कि फालुन दाफा अभ्यास इतना प्रभावशाली सिद्ध हुआ है. फालुन दाफा के सिधान्तों की शिक्षा इसकी मूल पुस्तक, ज़ुआन फालुन (Zhuan Falun), में दी गई है. इस पुस्तक का अनुवाद 40 भाषाओँ में हो चुका है.




स्वास्थ्य लाभ

दुनिया भर के लाखों लोगों ने फालुन दाफा अभ्यास को अपने रोज़मर्रा के जीवन का एक महत्वपूर्ण हिस्सा बनाया है. सीधे शब्दों में कहें तो, वे स्वास्थ्य और सामंजस्यपूर्ण जीवन की दिशा(Harmonious life direction) में इसे अपने समय का एक योग्य और सुखद निवेश पाते हैं. व्यायाम सरल, प्रभावी और सभी आयु के लोगों के लिए उपयुक्त हैं.

पुस्तक “Life and Hope Renewed: The Healing Power of Falun Dafa” में  फालुन दाफा अभ्यास द्वारा अनेक लोगों के गंभीर और जानलेवा बीमारियों से उबरने के अनुभव संकलित हैं.

चीन में फालुन दाफा(Falun Dafa) द्वारा स्वास्थ्य लाभ की प्रभावशीलता आंकने के लिए 1998 में बड़े पैमाने पर अनेक सर्वेक्षण किये गए. सर्वेक्षण के अनुसार 58.5% लोगों ने पूर्ण स्वास्थ्य लाभ, 24.9% ने बुनियादी लाभ और 15.7% ने आंशिक लाभ का वर्णन किया. अभ्यास आरम्भ करने के बाद जिन लोगों को अधिक ऊर्जावान महसूस हुआ उनकी संख्या 3.5% से 55.3% बढ़ गयी, और 80.3% लोगों ने व्यापक मानसिक स्वास्थ्य लाभ का दावा किया.




फालुन दाफा भारत में

हमारे देश में भी हजारों लोग दिल्ली, मुंबई, बैंगलोर, हैदराबाद, नागपुर, पुणे आदि शहरों में फालुन दाफा का अभ्यास कर रहे हैं. अनेक स्कूलों में इसका नियमित अभ्यास किया जाता है, जिसका सकारात्मक प्रभाव(Positive impact) विद्यार्थियों के परीक्षा परणामों, नैतिक गुण और शारीरिक स्वास्थ्य में दिखाई पड़ता है. दिल्ली और हैदराबाद में पुलिस अकादमी में फालुन दाफा अभ्यास की वर्कशॉप आयोजित की गयीं.

पृष्ठभूमि

फालुन दाफा, जिसे सदैव नि:शुल्क सिखाया जाता है, मन और शरीर की एक उच्च स्तरीय साधना पद्धति है. प्राचीन समय से यह पद्धति एक गुरु से एक शिष्य को हस्तांतरित(Transferred) की जाती रही है. वर्तमान समय में फालुन दाफा को पहली बार चीन में मई 1992 में श्री ली होंगज़ी द्वारा सार्वजनिक किया गया.

श्री ली होंगज़ी इन्हें स्वतंत्र विचारों के लिए ‘सखारोव पुरस्कार’(‘Sakharov Award’) से सम्मानित किया गया और ‘नोबेल शांति पुरस्कार’(‘Nobel Peace Prize’) के लिए भी मनोनीत किया जा चुका है. फालुन दाफा और इसके संस्थापक, श्री ली होंगज़ी को, दुनियाभर में 1,500 से अधिक पुरस्कारों और प्रशस्तिपत्रों से भी नवाज़ा गया है.




फालुन गोंग Falun Gong का अभ्यास आज दुनियाभर में किया जा रहा है. लेकिन चीन, जो फालुन गोंग की जन्म भूमि है, वहां इसका दमन किया जा रहा है. इसके स्वास्थ्य लाभ और आध्यात्मिक शिक्षाओं के कारण चीन में फालुन दाफा इतना लोकप्रिय हुआ कि 1999 तक करीब 7 से 10 करोड़ लोग इसका अभ्यास करने लगे. चीनी कम्युनिस्ट पार्टी की मेम्बरशिप उस समय 6 करोड़ ही थी. इसका बढ़ता जनाधार चीनी शासकों Chinese rulers को खलने लगा. चीनी कम्युनिस्ट पार्टी ने फालुन दाफा की शांतिप्रिय प्रकृति के बावजूद इसे अपने प्रभुसत्ता के लिए खतरा माना और 20 जुलाई 1999 को इसपर पाबंदी लगा दी और इसे कुछ ही महीनों में जड़ से उखाड़ देने की मुहीम चला दी. चीनी कम्युनिस्ट पार्टी फालुन गोंग को दबाने के लिए क्रूर दमन कर रही है जो आज तक जारी है. पिछले 19 साल से फालुन दाफा अभ्यासी चीनी कम्युनिस्ट पार्टी के अपराधों को उजागर करने और चीन में हो रहे दमन को समाप्त करने के लिए अथक प्रयास कर रहे हैं.

आज, 120 से अधिक देशों में 10 करोड़ से अधिक लोगों ने इस प्राचीन ध्यान अभ्यास को हर्ष से अपनाया और गले लगाया है. जो लोग इस अभ्यास में साधना करते करते हैं, वे इसकी प्रशंसा का गुणगान करते हैं, और क्यों नहीं? फालुन दाफा का साधना- अभ्यास निश्चित ही किसी भी व्यक्ति के लिए बहुत लाभकारी है.




फालुन दाफा की ओर आकर्षित हो रहे मुंबई के फैशन मॉडल्स

मुंबई फिल्म और फैशन जगत की मायानगरी है। देश भर के युवाओं को मॉडलिंग और फैशन की दुनिया(World of modeling and fashion) बहुत आकर्षित करती है। ग्लैमर और चकाचोंध भरी इस दुनिया में कई युवा अपना संतुलन नहीं रख पाते और भटक जाते हैं, जबकि कुछ सकारात्मक समाधान खोजते हैं।

मुंबई मॉडलिंग जगत में धाक जमाने के बाद न्यूयोर्क मे रह रहीं सुपर मॉडल पूजा मोर(Supermodel Pooja Mor) कहती हैं कि मॉडलिंग का पेशा शारीरिक और मानसिक रूप से बहुत चुनौतीपूर्ण है। इस पेशे में सफल होने के लिए जहाँ एक तरफ अनुशासन, मेहनत और धैर्य की आवश्यकता होती है वहीं दूसरी तरफ कड़ी प्रतिस्पर्धा, तनाव और अकेलेपन से भी जूझना पड़ता है। आइये हम मुंबई के मॉडलिंग और फैशन जगत से जुड़े कुछ युवाओं से जानते हैं कैसे फालुन दाफा ध्यान अभ्यास उन्हें मानसिक सयंम और स्वास्थ्य में मदद कर रहा है।

पूजा मोर केल्विन क्लाईन, गिवेंची, रोबेर्टो कावाली, लुइ वित्तों जैसे लक्ज़री ब्रांड्स के लिए मॉडलिंग कर चुकी हैं और पिछले चार वर्षों से फालुन दाफा का अभ्यास रही हैं. उनका कहना है, “मैं सुबह का समय फालुन दाफा अभ्यास के लिए रखती हूँ। यह वह समय है जब मैं स्वयं से जुड़ पाती हूँ – अपने अंदर झांक पाती हूँ।“




पूजा बताती हैं कैसे फालुन दाफा ने उन्हें एक बेहतर इंसान बनाया और उनके प्रेरणा का स्रोत बना। “पहले कोई काम ठीक से न होने पर मैं दूसरों की गलती निकालती थी और उन पर दोष डालती थी। किन्तु अब मैं अपनी गलती स्वीकार कर पाती हूँ और सोचती हूँ कि अगली बार और बेहतर कैसे करूँ।“

फालुन दाफा मन और शरीर का एक प्राचीन साधना अभ्यास है जो सत्य-करुणा-सहनशीलता(True-compassion-tolerance) के सिद्धांतों पर आधारित है। इसमें पांच सौम्य और प्रभावी व्यायामों का भी समावेश है जो व्यक्ति के शरीर को शुद्ध करने, तनाव से राहत और आंतरिक शांति प्रदान करने में सहायता करते हैं।
मिस्टर इंडिया फाइनलिस्ट रह चुके अधिराज चक्रबर्ती(Adhiraj Chakraborty) मुंबई के एक प्रतिष्ठित मॉडल और उभरते हुए फैशन फोटोग्राफर हैं। अधिराज पहले बहुत गुस्सेबाज थे और बात बात में आपा खो बैठते थे। अधिराज बताते हैं, “फालुन दाफा के अभ्यास से मुझे अपने अन्दर और बाहर दोनो में ही बहुत बदलाव महसूस हुए। कोलकाता से मुंबई आने के बाद मेरा स्वास्थ्य ठीक नहीं रहता था। लेकिन अब मैं एनेर्जेटिक महसूस करता हूँ और रोजमर्रा की परिस्थितियों में संयम रख पाता हूँ।”




फालुन दाफा का अभ्यास दुनियाभर में 114 से अधिक देशों में 10 करोड़ से अधिक लोगों द्वारा किया जा रहा है। लेकिन दुःख की बात यह है कि चीन, जो फालुन दाफा की जन्म भूमि है, वहां जुलाई 1999 से इसका दमन किया जा रहा है। चीन में हो रहे दमन के बारे में अधिराज कहते हैं, “यह बिलकुल अविश्वसनीय है कि इतने शांतिमय अभ्यास को भी चीन में क्रूर दमन का सामना करना पड़ रहा है। चीन को इस अभ्यास पर गर्व होना चाहिए कि कैसे यह दुनिया भर में करोड़ों लोगों के जीवन में बदलाव ला रहा है।”

ऊटी में पली बढ़ी मोनिका थॉमस(Monika thomas) मुंबई की एक उभरती हुई युवा मॉडल हैं जो वोग, एल, हार्पर बाज़ार जैसी टॉप फैशन पत्रिकाओं के कवर की शोभा बढ़ा चुकी हैं. पिछले डेढ़ वर्ष से फालुन दाफा का अभ्यास कर रही मोनिका(Monika) बताती हैं कि यह अभ्यास आरम्भ करते ही उन्हें मन और शरीर में सुखद बदलाव महसूस हुए। “फालुन दाफा से मैंने सीखा कि अपना काम करते हुए कैसे स्वयं में लगातार सुधार लाया जाये जो मुझे पहले नहीं मालूम था। अब मैं अपने विचारों और अपने आस-पास की परिस्थितियों को बेहतर तरीके से सम्भाल पाती हूँ।”




मुंबई की एक मॉडलिंग एजेंसी में मैनेजर, नेहा शाह(Neha Shah), कहती हैं, “फालुन दाफा का अभ्यास कभी भी और कहीं भी किया जा सकता है, जो मेरी भागदोड़ वाली दिनचर्या के अनुकूल है। फालुन दाफा से न केवल मेरे स्वास्थ्य में सुधार आया है बल्कि मुझे अपने अन्दर देख पाने और अपनी कमियों को परखने की योग्यता मिली है, जिससे मैं किसी भी परिस्थिति में वस्तुओं को एक बड़े दायरे में देख पाती हूँ और शांत रह पाती हूँ।”

फैशन जगत से जुड़े ये मॉडल्स अपने भागदोड़ और प्रतिस्पर्धा भरे जीवन में अध्यात्म की राह अपना कर सफलता के पायदान चढ़ रहे हैं। नि:संदेह आज की युवा पीढ़ी के लिए ये रोल मॉडल्स हैं। यदि आप भी फालुन दाफा सीखने के लिए इच्छुक हैं तो इसकी अधिक जानकारी www.falundafa.org या www.falundafaindia.org पर पा सकते हैं। फालुन दाफा पूरी तरह नि:शुल्क सिखाया जाता है।