26 दिन बाद भी अनिल की हत्या का राज की गुत्थी नहीं सुलझा सकी पुलिस, अब भी हाथ खाली

भिण्ड ShashikantGoyal/ @www.rubarunews.com>> असवार थाना पुलिस बीते 26 दिन बाद भी जलालपुरा के अनिल यादव की हत्या का राज की गुत्थी नहीं सुलझा पाई है। पुलिस यह बात मान रही है कि वो हत्या आरोपी के नजदीक तक पहुंच चुकी है। पुलिसए इस मामले में सबूत जुटा रही है। हत्यारे के सबूत मृतक के मोबाइल में छिपे है। पुलिसए मोबाइल का पैटर्न लॉक खोले जाने के लिए प्रयासरत है। भिंड और ग्वालियर पुलिसए मोबाइल का पैटर्न लॉक खोलने में फेल साबित हुई है। अब मोबाइल का पैटर्न लॉक खोले जाने के लिए भोपाल एक्सपर्ट के पास भेजा जाएगा। गौरतलब है कि बीते 2 जून को असवार थाना क्षेत्र के जलालपुरा निवासी अनिल पुत्र मुन्ना यादव का शव खेतों के बीच मिला था। हत्या को आत्महत्या दिखाने के लिए आरोपी द्वारा मृतक के हाथ में केमिकल की बोतल थमा दी थी। इस मामले में पुलिस भी प्राथमिक तौर पर धोखा खा गई थी। पहले पहले मर्ग मानकर बैठी थी। पीएम रिपोर्ट से यह मामला स्पष्ट हुआ। पीएम रिपोर्ट में गाल रेतकर हत्या किए जाने की पुष्टि हुई है। असवार पुलिस ने इस मामले में 27 जून को मर्ग की धाराओं से ब?ाकर अज्ञात आरोपी के खिलाफ 302 की धाराओं में तब्दील कर दी। पुलिस इस मामले की तह तक जाने में जुटी है।

 

मृतक के अपनों ने साधी चुप्पी, इसलिए नहीं मिल रहे सबूतों

इस मामले में पुलिस ने मृतक के पिताए भाई समेत अन्य परिजनों से बातचीत की। पुलिसए अब पूरी तरह मान रही है कि मृतक के नजदीकी द्वारा हत्या की गई है। पुलिस हत्या आरोपी तक पहुंच चुकी है। हत्या आरोपी से पूछताछ भी पुलिस ने कर ली है। असवार थाना प्रभारी पंकज मुदगल का कहना है कि इस इस अंधे कत्ल में हत्या का आरोप सिद्ध करने के लिए पर्याप्त सबूत पुलिस के पास नहीं है। वहीं परिजन भी चुप्पी साधे हुए है। यह मामला प्रेम प्रसंग से जुटा हुआ है और हत्या आरोपी नजदीकी है। मोबाइल का पैटर्न लॉक खुलते ही हत्या करने वाले के खिलाफ  पुलिस को सबूत मिल जाएंगे। इसके बाद आरोपी तक पुलिस पहुंचेगी।