ताजातरीनराजस्थान

बूंदी की डॉ. सविता राठौर को ‘पन्नाधाय सुरक्षा एवं सम्मान योजना’ का जिला स्तरीय पुरस्कार

बूंदी.KrishnakantRathore/ @www.rubarunews.com- राजस्थान सरकार के महिला अधिकारिता विभाग द्वारा अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर आयोजित समारोह में उमंग संस्थान की अध्यक्ष एवं सह आचार्य डॉ. सविता राठौर को व्यक्तिगत श्रेणी के जिला स्तरीय प्रतिष्ठित पन्नाधाय सुरक्षा एवं सम्मान योजना’ पुरस्कार से सम्मानित किया गया। यह पुरस्कार उन्हें बूंदी जिले में महिला एवं बालिका सशक्तिकरण, उनकी पहचान निर्माण, कार्यों को सम्मान तथा कामकाजी महिलाओं की समस्याओं पर शोध कार्य के लिए प्रदान किया गया। केलवाड़ा के ग्रामीण परिवेश में जन्मीं डॉ. लौरी ने सीमित संसाधनों के बावजूद दृढ़ संकल्प से अपनी शैक्षणिक यात्रा को आगे बढ़ाया। प्रारंभिक शिक्षा ग्रामीण क्षेत्र से प्राप्त करने के बाद उन्होंने निजी परीक्षार्थी के रूप में स्नातक, स्नातकोत्तर और बी.एड. पूरा किया। 2009 में कोटा विश्वविद्यालय से एम.फिल. (हिंदी) में स्वर्ण पदक अर्जित कर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया। पत्रकारिता से जुड़े कृष्णकांत राठौर से विवाह बंधन में बंधने के बाद बूंदी में बसते हुए भी उन्होंने सुखाड़िया विश्वविद्यालय से एम.एड., हिंदी साहित्य में नेट तथा पीएच.डी. प्राप्त की। कामकाजी महिलाओं के जीवन-संघर्षों पर महत्वपूर्ण शोध पूरा किया।संयुक्त परिवार की जिम्मेदारियों और संतानों के पालन-पोषण के साथ डॉ. लौरी ने चार वर्ष विद्यालयी शिक्षा में सेवा दी तथा पिछले 16 वर्षों से
शिक्षक-शिक्षिकाओं को प्रेरित कर महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा दिया। उनके तीन से अधिक शोध पत्र प्रकाशित हो चुके हैं। पिछले 10 वर्षों से उमंग संस्थान का प्रभावी संचालन कर बालिका एवं महिला सशक्तिकरण में सक्रिय नेतृत्व प्रदान कर रही हैं। डॉ. राठौर आज शिक्षा, शोध और सामाजिक सक्रियता के माध्यम से नारी शक्ति, शिक्षा एवं आत्मनिर्भरता का जीवंत उदाहरण प्रस्तुत कर रही हैं।