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चारभुजा नाथ मंदिर में ठाकुरजी संग ‘ रंग गुलाल से रंग बिरंगी होली खेल रहे श्रद्धालु 

बूंदी.KrishnakantRathore/ @www.rubarunews.com-होलाष्टक शुरू होने के साथ बूंदी शहर में फाल्गुन का रंग जमने लगा है, हर गली मोहल्लों और मंदिरों में अपने आराध्यों के संग रंग गुलाल और फूलों से होली खेली जा रही है। चारों और फाल्गुन के गीत और भजनों की धुने गुंजायमान हो रहे हैं। तिलक चौक स्थित श्री चारभुजा नाथ मंदिर में इन दिनों अद्भुत नजारा देखने को मिल रहा है। यहां प्रतिदिन भोर होते ही भक्तजन ठाकुरजी के साथ मनमोहक ‘फूलों , रंग बिरंगी गुलाल से होली खेल रहे हैं। सुबह मंगला आरती के समय पूरा मंदिर परिसर श्रद्धालुओं के जयकारों, ढोल-मंजीरों की थाप और फाग के भजनों से गुंजायमान हो रहा है।
श्री चारभुजा विकास समिति के अध्यक्ष पुरुषोत्तम पारीक और वरिष्ठ उपाध्यक्ष अशोक गर्ग ने बताया कि मंदिर में यह परंपरा वर्षों से पूरे श्रद्धाभाव के साथ निभाई जा रही है। रोजाना सुबह 6 बजे पंडित गणेश शर्मा द्वारा ठाकुरजी की विशेष मंगला आरती की जाती है। आरती के पश्चात श्रद्धालु भाव-विभोर होकर ठाकुरजी पर सुगंधित पुष्पों, रंग गुलाल की वर्षा करते हैं और भजनों पर जमकर नृत्य कर होली महोत्सव का आनंद लेते हैं। इस दौरान प्रतिदिन ठाकुरजी को केसर युक्त दूध एवं पंचमेवा का भोग लगाकर भक्तों में प्रसाद का वितरण किया जा रहा है।
 श्रद्धालुओं के विशेष सहयोग से मंगलवार को होलाष्टक प्रारंभ होने के पावन अवसर के साथ ही होली के रंग और भी गहरे हो गए। इस दिन से सुबह 6 बजे मंगला आरती के समय ठाकुरजी के साथ फूलों के साथ ही विभिन्न रंगों और गुलाल से होली खेलने का विधिवत शुभारंभ हुआ। इस दौरान केसर युक्त दूध एवं पंचमेवा का प्रसाद वितरण किया गया। दिव्य एवं भव्य होली महोत्सव को लेकर शहरवासियों में भारी उत्साह है। समाजसेवी विनोद न्याति, लालचंद विजयवर्गीय, रवि गुर्जर,नौरतमल अग्रवाल, कौशल शर्मा सहित अनेकों व्यक्ति होली महोत्सव की तैयारी में जुटे हुए हैं समिति पदाधिकारियो ने छोटी काशी की धर्मप्रेमी जनता से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में सुबह मंगला आरती में पधारकर ठाकुरजी के दर्शनों का लाभ लें और इस अलौकिक होली महोत्सव का आनंद उठाएं।
होलिया मे उड़े रे ग़ुलाल  पर जमकर थिरकी महिलाएं
        मधुबन कॉलोनी मे आयोजित फागोत्सव सभी महिलाएं एवं पुरुष पारम्परिक वेशभूषा मे ‘ रंग मत डारे रे , होलिया मे उड़े रे ग़ुलाल , सरीके भजनो पर जमकर नृत्य किया ! कार्यक्रम की शुरुआत मे सभी महिला व पुरुष का ग़ुलाल का टीका लगाकर स्वागत किया ! फागोत्सव के तहत भजन संध्या का शानदार आयोजन किया गया जिसमे बालाजी म्यूजिकल ग्रुप द्वारा होली के भजनो की प्रस्तुति दी गयी ! भजन मंडली का दुपट्टा पहनाकर व तिलक लगाकर स्वागत किया ! राधा व कृष्ण के रूप मे देवधि विजयवर्गीय व कृतिका फलोड ने मनमोहक नृत्य कर सबको भक्तिरस मे सराबोर कर दिया !
इस अवसर पर लवीना सोमानी , मधु हल्दिया , पूनम काबरा , शम्भू दयाल गुप्ता , अमित विजयवर्गीय , सोहन सोमानी , डिम्पल गोयल , शिखा , रामेश्वर ईनानी , नरेन्द्र फलोड , अनुराधा सोनी व अनिता लाठी.. लोकेश काबरा उपस्थित रहे !
संस्कृति संस्था की अनूठी होली 
     ब्रज के ठाकुर रंग रसिया रे” थीम पर संस्कृति संस्था द्वारा एक निजी रिसोर्ट में ब्रज की पारंपरिक होली अत्यंत हर्षोल्लास के साथ मनाई गई।  संस्था अध्यक्ष शालिनी विजय ने बताया कि कार्यक्रम निदेशक एवं प्रायोजक संगीता नुवाल, भावना नायक एवं प्रियंका सोलंकी ने सभी सखियों का अबीर-गुलाल से तिलक कर एवं गुलाल भेंट कर आत्मीय स्वागत किया। कार्यक्रम में उर्मिला नुवाल ने भगवान श्रीकृष्ण का तथा संतोष सोनी ने राधा रानी का मनमोहक स्वरूप धारण किया। कार्यक्रम का शुभारंभ संस्था की संरक्षक कमलेश गोयल एवं कोषाध्यक्ष माधवी छोड़ा द्वारा राधा-कृष्ण का तिलक, आरती एवं पुष्पवर्षा कर किया गया। सभी सदस्य फागुनी परिधानों में सुसज्जित थीं, जिससे वातावरण ऐसा प्रतीत हो रहा था मानो साक्षात वृंदावन धाम वहीं अवतरित हो गया हो।कार्यक्रम की शुरुआत में संगीता अनुमान ने ब्रज में खेले जाने वाले दस प्रकार की होली की रोचक जानकारी दी। तत्पश्चात अध्यक्ष शालिनी विजय ने ब्रज के ठाकुर एवं ब्रज की होली की परंपराओं पर विस्तार से प्रकाश डाला। गोकुल के गोप और बरसाने की गोपियों के रूप में सखियों ने राधा-कृष्ण संग होली खेली। इसके बाद बरसाने की प्रसिद्ध लठमार होली का आकर्षक प्रदर्शन किया गया। अगले चरण में गिरिराज जी की परंपरा अनुसार “लड्डू होली” का आयोजन हुआ, जिसमें लड्डू प्रसाद के रूप में अर्पित कर उल्लासपूर्वक लुटाए गए। तत्पश्चात राधा-कृष्ण की युगल जोड़ी के साथ फूलों की होली खेली गई। अंत में राधा जी द्वारा छड़ी होली का मनोरंजक मंचन किया गया, जिससे पूरा वातावरण ब्रजमय हो उठा। कार्यक्रम के दौरान एक मिनट गेम भी आयोजित किया गया, जिसमें शालिनी विजय, अंजू अजमेरा एवं सीमा गर्ग विजेता रहीं। विजेताओं को पुरस्कृत किया गया। सामूहिक फाग नृत्य में “आज ब्रज में होली रे रसिया” एवं “रंग मत डाले रे सांवरिया” जैसे भजनों पर सभी ने उत्साहपूर्वक नृत्य किया। इसके पश्चात सामूहिक भोज के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ।इस अवसर पर सभी सदस्यों ने संकल्प लिया कि वे रासायनिक रंगों से होली नहीं खेलेंगी तथा केवल प्राकृतिक एवं ऑर्गेनिक गुलाल से तिलक होली मनाएँगी।कार्यक्रम में शशि नायक, सरस्वती सोनी, मनजीत कौर, अर्चना नुवाल, रानी यादव,संतोष ओझा, राधा महेश्वरी, रुक्मणी जाजू, लीला सोमानी, कामना माथुर, बॉबी भाटिया, सरोज गुर्जर, लेखा शर्मा सहित अनेक सदस्य उपस्थित रहीं। सभी ने आपसी प्रेम और उल्लास के साथ ब्रजधाम की होली का आनंद लिया एवं एक-दूसरे को आगामी होली की शुभकामनाएँ दीं।इस प्रकार “ब्रज के ठाकुर रंग रसिया रे” कार्यक्रम अत्यंत सफल एवं भावपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ ।